
पटना/न्यूज़ डेस्क
नीतीश ने चेन्नागिरि में सभा को किया संबोधित
पटना : मुख्यमंत्री सह जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतीश कुमार रविवार को कर्नाटक विधानसभा चुनाव में प्रचार करने पहुंचे. उन्होंने बेंगलुरु से 250 किमी दूर चेन्नािगरि में कर्नाटक जदयू के प्रदेश अध्यक्ष महिमा जे पटेल के पक्ष में विशाल सभा को संबोधित किया. उन्होंने कहा कि देश में यूनिफॉर्म सिविल कोड (समान नागरिक संहिता) को थोपने और धारा 370 को हटाने की बात नहीं होनी चाहिए. यह हमलोगों का शुरू से विचार रहा है.
जब पिछले साल केंद्र के विधि आयोग ने सभी राज्य सरकारों से यूनिफॉर्म सिविल कोड पर मतव्य मांगा था और पार्टियोंं को भी इस बारे में लिखा था, तब हमने यह स्पष्ट कहा था कि इस तरह की बात नहीं होनी चाहिए. जदयू ने इस बारे में पत्र भी लिखा था. कर्नाटक चुनाव में जदयू ने अपने 28 उम्मीदवार खड़े किये हैं.
जनता दल जन्मस्थली है कर्नाटक : चेन्नागिरि के जिस क्षेत्र में उनकी सभा आयोजित थी, वह स्थान छोटा पड़ गया. मुख्यमंत्री ने कहा, कर्नाटक से हमारा भावनात्मक लगाव रहा है. जनता दल का जन्म ही कर्नाटक में हुआ है. यहां के रामकृष्ण हेगड़े और जेएच पटेल के सानिध्य में जनता दल का विकास हुआ है. हमें भरोसा है कि जेएच पटेल के पुत्र महिमा जे पटेल के नेतृत्व में जदयू का विस्तार कर्नाटक में होगा. उन्होंने कहा कि कर्नाटक विधानसभा चुनाव में पार्टी ने अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज करा दी है.
उन्होंने कहा कि पार्टी कर्नाटक में भले ही 28 सीटों पर चुनाव लड़ रही है, पर जनता का लगाव हर समय जनता दल के साथ रहा है. ऐसी स्थिति में पार्टी का मजबूत जनाधार महिमा पटेल के नेतृत्व में तैयार होगा. इसके पूर्व मुख्यमंंत्री टुमकुर मठ पहुंचे, जहां पर वहां के प्रधान स्वामी से मुलाकात की.
कर्नाटक में जदयू अकेले लड़ रहा चुनाव, 28 सीटों पर खड़े िकये हैं उम्मीदवार
लंबे समय तक सत्ता में रहने वालों की जवाबदेही अनिवार्य होनी चाहिए
नीतीश कुमार ने कहा कि लंबे समय तक सत्ता में रहने वालों की जवाबदेही अनिवार्य होनी चाहिए. सत्ता में रहने वाले के लिए यह महत्वपूर्ण है कि उसके कार्यों की चर्चा जनता करे. सरकार की यह भी जिम्मेदारी है कि वह हर साल अपना रिपोर्ट कार्ड जनता के सामने पेश करे.
कर्नाटक की जनता को उन्होंने बताया कि बिहार में हमारी सरकार हर साल अपने कार्यों का रिपोर्ट कार्ड जारी करती है. उन्होंने कहा कि इस देश में हम ऐसी राजनीति चाहते हैं, जिसमें विमर्श हो, वाद-विवाद हो. लेकिन, यह जो निजी तौर पर आराेप-प्रत्यारोप का दौर चला है और इससे जो तनाव का माहौल पैदा हुआ, इस परिस्थिति से हमलोग सहमत नहीं है.
सांप्रदायिकता, अपराध और भ्रष्टाचार से समझौता नहीं : नीतीश कुमार ने कहा कि हमने जीवन में कभी भी सांप्रदायिकता, अपराध और भ्रष्टाचार से समझौता नहीं किया. यह मूल सिद्धांत है, जिसके साथ हम राजनीति करते हैं. सत्ता में आने के बाद हमारा मूल मंत्र न्याय के साथ विकास का रहा है. इसी पर हम काम करते हैं.
नागालैंड में जदयू कर चुका है अच्छा प्रदर्शन
कर्नाटक विधानसभा चुनाव में जदयू का प्रदर्शन अच्छा रहता है तो राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा हासिल करने की उसकी राह आसान हो सकती है. इससे पहले इस साल नागालैंड विधानसभा चुनाव में जदयू अच्छा प्रदर्शन कर चुका है.
वहां के चुनाव में जदयू ने 10 उम्मीदवार खड़े किये थे, जिनमें एक ने जीत हासिल की थी और पांच दूसरे स्थान पर रहे थे. नागालैंड की वर्तमान सरकार को जदयू का समर्थन है. मालूम हो कि 2003 में विलय से पहले समता पार्टी और शरद यादव के जनता दल दोनों को ही राष्ट्रीय दल की मान्यता प्राप्त थी.










