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तितली तूफान के चलते जनजीवन अस्त-व्यस्त , तस्वीरों में देखे तबाही के मंजर ……..

नई दिल्ली : चक्रवाती तूफान तितली उत्तरी आंध्र प्रदेश और दक्षिणी ओडिशा के तटीय इलाकों के बाद अब उत्तर की ओर बढ़ गया है. इस दिशा में पश्चिम बंगाल राज्य है. इन दोनों राज्यों के अलावा बिहार, झारखंड और उत्तर प्रदेश में भी इस तूफान का असर पड़ने की आशंका है.

ओडिशा के गोपालपुर में आए समुद्री तूफान की चपेट में आकर मछुआरों की एक नाव डूब गई. इसमें पांच मछुआरे सवार थे, जिन्हें बचा लिया गया है. वहीं, तूफान से आंध्र प्रदेश के श्रीकाकुलम और  विजयनगरम जिले में 2 महिलाओं समेत कुल 8 लोगों की मौत हो गई है.

ओडिशा के मौसम विभाग ने अगले 12 घंटों तक तूफानी हवाओं की चेतावनी जारी की है. एहतियात के तौर पर ओडिशा से तीन लाख लोगों को तटीय इलाकों से हटाकर सुरक्षित जगहों पर पहुंचाया गया है.

ओडिशा के तटीय इलाकों में बुधवार की शाम से ही बारिश हो रही है. ओडिशा में इस तूफान से बचने के लिए तीन लाख लोगों को तटीय इलाकों से हटाकर सुरक्षित जगहों पर पहुंचाया गया है. तितली का लैंडफॉल ओडिशा के गोपालपुर से  86 किमी दक्षिण-पश्चिम में है.

ओडिशा के कई इलाकों में बिजली आपूर्ति और संचार प्रणाली प्रभावित है. सड़कों के क्षतिग्रस्त होने के कारण तटीय गांव मुख्‍य इलाकों से कट चुके हैं. रेल मार्ग भी बुरी तरह प्रभावित हुआ है. कई ट्रेनें रद्द हैं, तो कुछ के समय और रूट में बदलाव किया गया है.

ओडिशा के गोपालपुर में 150 किमी प्रति घंटे से लेकर 165 किमी प्रति घंटे की रफ्तार के बीच तूफानी हवाएं चल रही है. उधर, दिल्ली में कैबिनेट सेक्रेटरी पीके सिन्हा ने बुधवार शाम को नेशनल क्राइसिस मैनेजमेंट कमेटी की बैठक ली. इस बैठक में तूफान तितली से निपटने के लिए किए उपायों की समीक्षा की गई.

साथ ही राज्य सरकार और केंद्र की टीमों को हर हालात से निपटने को तैयार रहने के लिए कहा गया है. इसके अलावा तूफान से निपटने की तैयारियों का जायजा लेने के लिए ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने एक उच्चस्तरीय बैठक भी की है.

तितली का लैंडफॉल ओडिशा के गोपालपुर से  86 किमी दक्षिण-पश्चिम में रहा. तेज हवाओं के कारण कई इलाकों में बिजली के पोल और पेड़ गिरने की खबरें हैं. राहत और बचाव के लिए एनडीआरएफ की टीमों को तैनात किया गया है. 

कई मंडलों में दो सेंटीमीटर से लेकर 26 सेमी. तक बारिश दर्ज की गई है. सड़क मार्ग बड़े पैमाने पर अवरुद्ध हुआ और राज्य सड़क परिवहन निगम ने अपनी बस सेवाएं निलंबित कर दी. एसडीएमए ने मुसीबत में फंसे लोगों की मदद करने के लिए टोल फ्री नंबर 18004250101 बनाया है जबकि तीन उत्तरी तटीय जिलों में नियंत्रण कक्ष चालू कर दिए गए हैं.

मौसम विज्ञान विभाग ने तीन दिनों में चक्रवाती तूफान की वजह से दक्षिण बंगाल के छह जिलों में तेज हवा चलने और गरज के साथ तेज बारिश की चेतावनी जारी की है. मौसम विभाग ने कहा है कि तितली के गुरुवार को ओडिशा और आंध्रप्रदेश के तटीय इलाकों में पहुंचने के बाद यह गांगेय पश्चिम बंगाल की ओर बढ़ेगा. हालांकि, उन्होंने कहा कि मैदानी इलाकों में आने के बाद तूफान की तीव्रता लगातार कमजोर होती जाएगी.

मौसम विभाग ने दीघा, शंकरपुर, मंदरमणि और राज्य के अन्य तटीय क्षेत्रों में पर्यटकों से कहा गया है कि वे इस दौरान गहरे समुद्र में नहीं जाएं. साथ ही मछुआरों से कहा है कि वे पश्चिम बंगाल, ओडिशा के अपतटीय क्षेत्रों, बंगाल की उत्तरी और मध्य खाड़ी में 12 अक्टूबर तक समुद्र में न जाएं.

ओडिशा सरकार ने तूफान के चलते 11 और 12 तारीख को स्कूल-कॉलेज बंद रखने का फैसला किया है. 

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